कार्य में लापरवाही पर एनआरएलएम के सहायक विकासखंड प्रबंधक की संविदा सेवा समाप्त
ढीमरखेड़ा में पदस्थ सुधीर कुमार बिंद पर जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर की कार्रवाई

ढीमरखेड़ा में पदस्थ सुधीर कुमार बिंद पर जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर की कार्रवाई,
राजेश कुमार तिवारी कटनी न्यूज 24
कटनी। मध्यप्रदेश डे-राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा में पदस्थ सहायक विकासखंड प्रबंधक सुधीर कुमार बिंद की संविदा सेवा समाप्त कर दी गई है। यह कार्रवाई पदीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही, अनियमित कार्यप्रणाली, अनधिकृत अनुपस्थिति और विभागीय निर्देशों के बावजूद कार्यशैली में सुधार नहीं होने के आधार पर की गई है।
मध्यप्रदेश डे-राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की अतिरिक्त मिशन संचालक एवं जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी हरसिमरनप्रीत कौर ने कलेक्टर एवं जिला मिशन संचालक के अनुमोदन के बाद संविदा सेवा समाप्ति का आदेश जारी किया। कार्रवाई पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा निर्धारित प्रावधानों एवं प्रदत्त अधिकारों के तहत की गई।
विभागीय कार्यों में लापरवाही के आरोप
जारी आदेश के अनुसार सुधीर कुमार बिंद पर अपने पदीय दायित्वों के प्रति लगातार लापरवाही एवं उदासीनता बरतने के साथ कार्यों में अपेक्षित प्रगति नहीं लाने के आरोप पाए गए। उनके कार्यक्षेत्र में गठित सामुदायिक संगठनों से संबंधित वित्तीय विसंगतियों और लेखांकन संबंधी त्रुटियों को लेकर भी शिकायतें प्राप्त हुई थीं।
विभागीय जांच एवं समीक्षा के दौरान बिंद द्वारा कई अवसरों पर बिना सूचना और सक्षम स्वीकृति के अनधिकृत रूप से अवकाश पर रहने की बात सामने आई। वहीं, दूरभाष पर संपर्क किए जाने के दौरान फोन रिसीव नहीं करने की शिकायत भी दर्ज की गई।
चेतावनी और मानदेय कटौती के बाद भी नहीं हुआ सुधार
आदेश में उल्लेख है कि विभाग की ओर से पूर्व में कई बार चेतावनी पत्र जारी किए गए थे। इसके अलावा दंडात्मक रूप से मानदेय में कटौती की कार्रवाई भी की गई, लेकिन इसके बावजूद उनकी कार्यप्रणाली में अपेक्षित सुधार नहीं आया।
विगत तीन वर्षों के वार्षिक प्रतिवेदनों में प्रदर्शन औसत पाए जाने तथा वित्तीय वर्ष 2025-26 के वार्षिक प्रतिवेदन में प्रदर्शन ‘औसत से कम’ दर्ज होने के बाद उन्हें कार्यशैली में सुधार के लिए तीन माह का अवसर दिया गया था। साथ ही निर्धारित लक्ष्यों के विरुद्ध तीन माह में अर्जित प्रगति से विभाग को अवगत कराने के निर्देश दिए गए थे।
जवाब असंतोषजनक मिलने पर सेवा समाप्त
विभाग की ओर से जारी कारण बताओ सूचना पत्र के जवाब में सुधीर कुमार बिंद द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन का परीक्षण एवं परिशीलन किया गया, जिसे विभाग ने असंतोषजनक पाया। इसके बाद उपलब्ध तथ्यों और पूर्व में की गई कार्रवाई के बावजूद कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होने को आधार मानते हुए उनकी संविदा सेवा समाप्त करने का निर्णय लिया गया।
जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर द्वारा की गई इस कार्रवाई को विभागीय दायित्वों में लापरवाही के प्रति सख्त रुख के तौर पर देखा जा रहा है।




