जनसुनवाई में कलेक्टर के सामने पहुंचे 73 फरियादी, समस्याओं के त्वरित समाधान के दिए निर्देश

जनसुनवाई में कलेक्टर के सामने पहुंचे 73 फरियादी, समस्याओं के त्वरित समाधान के दिए निर्देश,
✍️राजेश कुमार तिवारी कटनी न्यूज 24
कटनी। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर आशीष तिवारी ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे 73 आवेदकों की समस्याएं सुनीं। कलेक्टर ने प्रत्येक आवेदक की शिकायत और समस्या को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को प्रकरणों का तथ्यात्मक परीक्षण कर समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती हरसिमरनप्रीत कौर, अपर कलेक्टर नीलांबर मिश्रा, एसडीएम कटनी जितेंद्र पटेल, डिप्टी कलेक्टर प्रमोद चतुर्वेदी सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे।
जनसुनवाई के दौरान ग्राम पौंसरा के ग्रामीणों ने शासकीय श्मशान भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत दर्ज कराई। वहीं ढीमरखेड़ा तहसील निवासी गुलबहार ने अधिक बिजली बिल आने, झर्रा टिकुरिया निवासी सोनिया वंशकार ने जन्म प्रमाण-पत्र बनवाने, ग्राम डिठवारा निवासी अमित विश्वकर्मा ने रिकॉर्ड में सुधार तथा तिगवा निवासी दिव्यांग आवेदक रामसनेह लोधी ने आर्थिक सहायता एवं शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने की मांग को लेकर आवेदन दिया।
इसी क्रम में ग्राम पड़रिया निवासी नंदनी ठाकुर ने अनुकंपा नियुक्ति, ग्राम कांटी निवासी दद्दी चौधरी ने पीएम किसान योजना की राशि नहीं मिलने तथा आधारकाप कटनी निवासी जयश्री शर्मा ने कैंसर पीड़ित पति के उपचार के लिए आयुष्मान कार्ड बनवाने संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया।
कलेक्टर आशीष तिवारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को आवेदनों का नियमानुसार परीक्षण कर प्राथमिकता के आधार पर निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त आवेदन केवल दर्ज करने तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि प्रत्येक शिकायत के न्यायसंगत और स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कार्रवाई होनी चाहिए।
कलेक्टर ने कहा कि किसी भी नागरिक को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। प्रशासन की जिम्मेदारी है कि नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए उन्हें समय पर राहत उपलब्ध कराई जाए।
उन्होंने अधिकारियों को विभागवार लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा करने और जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों के निराकरण की लगातार मॉनिटरिंग करने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने विशेष रूप से कहा कि शासन की योजनाओं के पात्र हितग्राहियों को तकनीकी अथवा प्रक्रियागत कारणों से अनावश्यक परेशानी न हो और उन्हें समय पर योजनाओं का लाभ दिलाना सुनिश्चित किया जाए।




