नकली शराब की बिक्री पर अंकुश लगाने आबकारी विभाग की पहल, दुकानों पर लगाए जागरूकता फ्लेक्स लाइसेंसी दुकान से ही मदिरा खरीदने की अपील,
क्यूआर कोड स्कैन कर ब्रांड और बैच की जानकारी का करें मिलान लेबल, सील और क्यूआर कोड की जांच से कर सकेंगे असली-नकली मदिरा की पहचान,

सील और क्यूआर कोड की जांच से कर सकेंगे असली-नकली मदिरा की पहचान, संदिग्ध शराब की सूचना कंट्रोल रूम में देने की अपील,
✍️राजेश कुमार तिवारी कटनी न्यूज 24
कटनी। जिले में नकली एवं संदिग्ध मदिरा की बिक्री पर रोक लगाने और उपभोक्ताओं को जागरूक करने के उद्देश्य से आबकारी विभाग ने पहल शुरू की है। इसके तहत जिले की कंपोजिट मदिरा दुकानों में जागरूकता संबंधी सूचना फ्लेक्स लगाए गए हैं। इनके माध्यम से आम नागरिकों को मदिरा खरीदते समय जरूरी सावधानियां बरतने और केवल लाइसेंसी दुकानों से ही शराब खरीदने की अपील की जा रही है।
आबकारी विभाग ने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि मदिरा खरीदने से पहले बोतल पर लगे लेबल, सील और क्यूआर कोड की बारीकी से जांच करें। लेबल के रंग, सील की आकृति अथवा बोतल पर अंकित विवरण में किसी तरह का अंतर मिलने पर मदिरा के संदिग्ध होने की आशंका हो सकती है।
क्यूआर कोड स्कैन कर करें जानकारी की पुष्टि
जिला आबकारी अधिकारी विभा मरकाम ने बताया कि मदिरा की बोतल पर अंकित क्यूआर कोड को मोबाइल से स्कैन कर उसकी वास्तविकता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त की जा सकती हैं। इसमें ब्रांड का नाम, बॉटलिंग इकाई, बैच क्रमांक, बैच दिनांक और लेबल क्रमांक जैसी जानकारियां प्रदर्शित होती हैं। उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि क्यूआर कोड स्कैन करने के बाद प्राप्त जानकारी का बोतल पर अंकित विवरण से मिलान अवश्य करें। दोनों जानकारियों में अंतर पाए जाने पर संबंधित मदिरा को संदिग्ध मानते हुए इसकी सूचना विभाग को दें।
विभाग के अनुसार देशी मदिरा के लेबल का रंग नारंगी, जबकि विदेशी मदिरा के लेबल का रंग नीला निर्धारित है। इसके साथ ही बोतल की सील पर बनी नारंगी डायमंड की निर्धारित आकृति भी पहचान का महत्वपूर्ण आधार है।
संदिग्ध मदिरा मिलने पर सेवन से बचें, विभाग को दें सूचना
आबकारी विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि मदिरा के स्वाद, गंध, रंग अथवा गुणवत्ता में किसी प्रकार का असामान्य बदलाव महसूस होने पर उसका सेवन बिल्कुल न करें। ऐसी स्थिति में तत्काल आबकारी विभाग के कंट्रोल रूम के दूरभाष नंबर 07622-231217 पर सूचना दें, ताकि संदिग्ध मदिरा के संबंध में आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि नकली एवं अवैध मदिरा से बचाव के लिए केवल लाइसेंसी मदिरा दुकानों से ही खरीदारी करें और बिना लाइसेंस वाले स्थानों से शराब खरीदने से बचें। साथ ही विभाग ने यह संदेश भी दिया है कि मदिरापान स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है।




